मध्यप्रदेश

वर्षा पूर्व सड़क, पुल एवं भवनों के संधारण का कार्य करें पूर्ण : प्रबंधक संचालक यादव

भोपाल

लोक निर्माण विभाग के अंतर्गत प्रदेश में संचालित निर्माण कार्यों की गुणवत्ता एवं प्रगति की समीक्षा के लिए 20 मई को मुख्य अभियंताओं के सात दलों द्वारा भोपाल, मण्डला, अशोकनगर, खंडवा, रीवा, नीमच एवं निवाड़ी जिलों में औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में कुल 34 कार्यों का रेंडम आधार पर चयन कर परीक्षण किया गया। निरीक्षित कार्यों में 21 कार्य लोक निर्माण विभाग (सड़क एवं पुल), 6 कार्य परियोजना क्रियान्वयन इकाई (पीआईयू) के भवन निर्माण, 6 कार्य मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम तथा एक कार्य मध्यप्रदेश भवन विकास निगम से संबंधित था।

निरीक्षण दलों से प्राप्त प्रतिवेदनों की समीक्षा बैठक मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम के प्रबंध संचालक  भरत यादव की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित की गई। बैठक में प्रमुख अभियंता (सड़क/पुल)  के.पी.एस. राणा, प्रमुख अभियंता (भवन)  एस.आर. बघेल, प्रमुख अभियंता (बीडीसी)  अजय वास्तव, तकनीकी सलाहकार एमपीआरडीसी  आर.के. मेहरा सहित विभाग के समस्त मुख्य अभियंता, अधीक्षण यंत्री, कार्यपालन यंत्री एवं निरीक्षणकर्ता अधिकारी ऑनलाइन उपस्थित रहे।

समीक्षा में निवाड़ी जिले में सरकारी उच्च माध्यमिक विद्यालय से रियारा धाम तेहरका तक 1.50 किलोमीटर लंबाई की निर्माणाधीन सड़क के संबंध में संबंधित मुख्य अभियंता, लोक निर्माण विभाग सागर परिक्षेत्र को पुनः निरीक्षण कर आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त 19 अन्य कार्यों में आंशिक सुधार कर गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए गए।

बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि निरीक्षण प्रतिवेदनों में की गई अनुशंसाओं का समयबद्ध पालन सुनिश्चित किया जाए तथा पूर्व में किए गए निरीक्षणों की लंबित कार्यवाहियों का निराकरण अगली समीक्षा बैठक से पूर्व पूर्ण किया जाए।

समीक्षा में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन एवं लोकपथ ऐप पर प्राप्त शिकायतों के संतोषजनक और समयबद्ध निराकरण पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों को शिकायतकर्ताओं को निराकरण की जानकारी देकर संतुष्टि प्राप्त करने तथा विभागीय रैंकिंग में सुधार के लिये निरंतर प्रयास करने के निर्देश दिए गए।

बैठक में वर्षा ऋतु से पूर्व सड़क, पुल एवं भवनों के संधारण कार्य पूर्ण करने, दुर्घटना संभावित ब्लैक स्पॉट स्थलों के सुधार कार्यों को प्राथमिकता से पूरा करने तथा लोक कल्याण सरोवर योजना के कार्य 30 जून 2026 तक पूर्ण कर विभागीय पोर्टल पर जियो-टैग्ड वाली फोटो अपलोड करने के निर्देश भी दिए गए।

इसके अतिरिक्त भास्कराचार्य संस्थान द्वारा विकसित किए जा रहे लोक कल्याण सूचकांक मॉड्यूल में समय पर प्रविष्टियां दर्ज करने, सड़क किनारे पौधारोपण करने तथा विभागीय नवाचारों के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button